Friday, January 16, 2026
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केंद्रीय बजट 2026–27 : प्री-बजट परामर्श बैठक में उत्तराखण्ड ने प्रभावी ढंग से रखीं अपनी प्राथमिकताएं

केंद्रीय बजट 2026–27 के निर्माण की प्रक्रिया के अंतर्गत केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमन की अध्यक्षता में राज्यों के वित्त मंत्रियों के साथ प्री-बजट परामर्श बैठक आयोजित की गई। बैठक में विभिन्न राज्यों ने अपनी-अपनी विकास संबंधी प्राथमिकताएं और सुझाव केंद्र सरकार के समक्ष प्रस्तुत किए।

उत्तराखण्ड की ओर से राज्य की विशेष भौगोलिक परिस्थितियों, पारिस्थितिक संवेदनशीलता तथा राज्य द्वारा राष्ट्र को प्रदान की जा रही महत्वपूर्ण इको-सिस्टम सेवाओं को ध्यान में रखते हुए एक विस्तृत मेमोरेंडम प्रस्तुत किया गया। मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा राज्य के प्रतिनिधि के रूप में वन मंत्री श्री सुबोध उनियाल को नामित किया गया, जिन्होंने बैठक में उत्तराखण्ड का पक्ष मजबूती से रखा।

बैठक में पर्वतीय एवं सीमांत क्षेत्रों के संतुलित विकास, रिवर्स पलायन को प्रोत्साहन, आधारभूत अवसंरचना के सुदृढ़ीकरण, पर्यावरण संरक्षण तथा राज्य को क्लाइमेट रेजिलिएंट बनाने से जुड़े विषयों को प्रमुखता से रखा गया। साथ ही, राज्य की विकास आवश्यकताओं के अनुरूप नई पहलों एवं मौजूदा योजनाओं को और अधिक प्रभावी बनाने पर बल दिया गया।

यह भी उल्लेख किया गया कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार द्वारा अपनाई गई आर्थिक नीतियों के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। इसके चलते राज्यों को केंद्रीय करों में उनका अंश समय पर एवं अपेक्षाकृत अधिक मात्रा में प्राप्त हो रहा है, जिससे उत्तराखण्ड जैसे पर्वतीय राज्यों को विकास कार्यों में गति मिली है।

“स्कीम फॉर स्पेशल असिस्टेंस टू स्टेट्स फॉर कैपिटल इन्वेस्टमेंट” के अंतर्गत मिली सहायता को उत्तराखण्ड के लिए अत्यंत उपयोगी बताया गया, जिससे राज्य में पूंजीगत व्यय में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है और विकास परियोजनाओं को मजबूती मिली है।

राज्य सरकार द्वारा सुशासन, जनकल्याण एवं सुदृढ़ वित्तीय प्रबंधन को प्राथमिकता दिए जाने की बात भी बैठक में रखी गई। सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) में उत्तराखण्ड का देश में प्रथम स्थान प्राप्त करना राज्य के निरंतर प्रयासों का परिणाम बताया गया। सरकार पर्यावरण संरक्षण, मानव संसाधन विकास तथा आधारभूत ढांचे के विकास एवं अनुरक्षण के लिए लगातार कार्य कर रही है।

हिमालयी राज्य होने के कारण उत्तराखण्ड की विकास संबंधी चुनौतियां मैदानी राज्यों से भिन्न हैं। विषम भौगोलिक परिस्थितियां, बिखरी हुई बसावट और पारिस्थितिक संवेदनशीलता के कारण विकास की लागत अधिक होती है, जिसे ध्यान में रखते हुए केंद्र-राज्य समन्वय को और सुदृढ़ करने पर जोर दिया गया।

प्री-बजट कंसलटेशन में उत्तराखण्ड द्वारा प्रस्तुत प्रमुख मांगें व सुझाव

  • “स्कीम फॉर स्पेशल असिस्टेंस टू स्टेट्स फॉर कैपिटल इन्वेस्टमेंट” को निरंतर जारी रखने का अनुरोध।
  • फ्लोटिंग पॉपुलेशन के दृष्टिगत सतत पर्यटन (Sustainable Tourism) हेतु नई केंद्र पोषित योजना।
  • भू-जल स्तर में गिरावट को रोकने हेतु राज्य के प्रयासों (SARRA आदि) को प्रोत्साहन देने के लिए नई केंद्र पोषित योजना अथवा विशेष अनुदान।
  • नीलगाय, जंगली सुअर, भालू व बंदरों द्वारा फसलों को होने वाले नुकसान को रोकने के लिए कृषि सुरक्षा एवं मानव–वन्यजीव संघर्ष के तहत क्लस्टर आधारित तारबंदी हेतु नई योजना/अनुदान।
  • डिजिटल संप्रभुता एवं आत्मनिर्भर भारत के विजन के तहत स्टेट डेटा सेंटर्स के सुदृढ़ीकरण हेतु केंद्र पोषित योजना।
  • ऋषिकेश–कर्णप्रयाग रेलवे नेटवर्क की तार्किक पूर्णता हेतु बागेश्वर–कर्णप्रयाग एवं रामनगर–कर्णप्रयाग रेललाइन का सर्वेक्षण, जिससे टनकपुर–बागेश्वर–कर्णप्रयाग–रामनगर रेलवे सर्किट विकसित किया जा सके।
  • प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना की तर्ज पर जल जीवन मिशन के अनुरक्षण को भी केंद्र पोषित योजना में शामिल करने एवं योजना अवधि बढ़ाने का अनुरोध।
  • बढ़ते शहरीकरण के दृष्टिगत जल जीवन मिशन (शहरी) हेतु आगामी बजट में वित्तीय प्रावधान।
  • दूरस्थ व दुर्गम क्षेत्रों में जल विद्युत परियोजनाओं के लिए ₹2 करोड़ प्रति मेगावाट की दर से कुल ₹8,000 करोड़ की Viability Gap Funding (VGF)।
  • विशेष श्रेणी राज्यों में आपदा से हुई कुल क्षति के पुनर्निर्माण हेतु सम्पूर्ण राशि SDRF से वहन किए जाने का प्रावधान।
  • 60 से 79 वर्ष आयु वर्ग की वृद्धावस्था पेंशन में केंद्रांश ₹200 से बढ़ाकर ₹500 करने पर विचार।
  • आंगनवाड़ी कर्मियों के मासिक मानदेय में वृद्धि।
  • आगामी कुंभ आयोजन के दृष्टिगत आवश्यक आधारभूत अवसंरचना एवं अनुरक्षण हेतु विशेष वित्तीय प्रावधान।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का वक्तव्य

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि उत्तराखण्ड देश का “वॉटर टावर” है और राष्ट्र को महत्वपूर्ण इको-सिस्टम सेवाएं प्रदान करता है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार से राज्य को निरंतर मार्गदर्शन और सहयोग मिल रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आगामी केंद्रीय बजट 2026–27 उत्तराखण्ड की विकास यात्रा को और सशक्त बनाएगा, राज्य को क्लाइमेट रेजिलिएंट बनाने, सीमावर्ती क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाएं मजबूत करने तथा विकसित भारत @2047 के संकल्प में उत्तराखण्ड की भूमिका को और सुदृढ़ करेगा

Ankur Singh
Ankur Singhhttps://hilllive.in
Ankur Singh is an Indian Journalist, known as the Senior journalist of Hill Live
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