देश के वरिष्ठ सैन्य अधिकारी और मिजोरम व पुडुचेरी के पूर्व राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल एमएम लखेड़ा का सोमवार को निधन हो गया। उनके निधन की खबर से परिवार में शोक की लहर दौड़ गई।
लेफ्टिनेंट जनरल एमएम लखेड़ा की बेटी अलका कुकरेती ने बताया कि उनके पिता बीते कुछ दिनों से देहरादून के एक निजी अस्पताल में भर्ती थे। सोमवार उपचार के दौरान उनका निधन हो गया। ले. जनरल लखेड़ा का अंतिम संस्कार मंगलवार 30 को हरिद्वार में किया जाएगा। उनकी अंतिम यात्रा सुबह नौ बजे उनके आवास 28ए, पनाश वैली, सहस्त्रधारा रोड, देहरादून से शुरू होगी। ले. जनरल लखेड़ा ने भारतीय सेना में लंबे समय तक उत्कृष्ट सेवाएं दीं और कई महत्वपूर्ण पदों पर रहते हुए देश की सेवा की। उनके योगदान के लिए उन्हें परम विशिष्ट सेवा मेडल, अति विशिष्ट सेवा मेडल और विशिष्ट सेवा मेडल जैसे प्रतिष्ठित सम्मानों से नवाजा गया था। सेवानिवृत्ति के बाद उन्होंने मिजोरम और पुडुचेरी के राज्यपाल के रूप में भी अपनी जिम्मेदारियों का सफल निर्वहन किया। उनके प्रशासनिक अनुभव और सादगीपूर्ण व्यक्तित्व के लिए उन्हें व्यापक रूप से सम्मानित किया जाता था। उनके निधन पर विभिन्न सामाजिक, सैन्य और राजनीतिक संगठनों ने गहरा शोक व्यक्त करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है।
प्रारंभिक जीवन और शिक्षाजन्म: 21 अक्टूबर 1937 को उत्तराखंड के टिहरी गढ़वाल जिले के जखंड गाँव में हुआ था।शिक्षा: उनकी प्रारंभिक शिक्षा गाँव के प्राथमिक विद्यालय से और बाद में राष्ट्रीय इंडियन मिलिट्री कॉलेज (RIMC), देहरादून से हुई।सैन्य करियर1958 में भारतीय सैन्य अकादमी (IMA), देहरादून से भारतीय सेना में कमीशन प्राप्त किया।उन्होंने 1961 में गोवा की मुक्ति, 1965 और 1971 के भारत-पाक युद्धों में सक्रिय रूप से भाग लिया।उन्होंने कश्मीर घाटी में ब्रिगेड और 4th बटालियन कुमाऊं रेजिमेंट की कमान संभाली।उत्कृष्ट सैन्य सेवा के लिए उन्हें परम विशिष्ट सेवा मेडल (PVSM), अति विशिष्ट सेवा मेडल (AVSM) और विशिष्ट सेवा मेडल (VSM) से सम्मानित किया गया।प्रशासनिक और राजनीतिक करियरपुडुचेरी: 2004 से 2006 तक पुडुचेरी (तत्कालीन पांडिचेरी) के लेफ्टिनेंट गवर्नर रहे। इस दौरान उन्होंने 2004 की सुनामी के बाद राहत कार्यों का संचालन किया।मिजोरम: 2006 से 2011 तक मिजोरम के राज्यपाल के रूप में कार्य किया।इसके अतिरिक्त, उन्होंने अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के लेफ्टिनेंट गवर्नर का अतिरिक्त प्रभार भी संभाला



