देहरादून में सहकारी समिति सचिव कर्मचारी संयुक्त संगठन ने अपनी लंबित मांगों पर कोई ठोस आश्वासन न मिलने के कारण आंदोलन को तेज करने का बड़ा निर्णय लिया है।
क्या है पूरा मामला?
1 अक्टूबर से हड़ताल: पूरे प्रदेश की समितियों में 1 अक्टूबर से ‘कमल बंद’ (कलमबंद) हड़ताल और धरना प्रदर्शन शुरू किया जाएगा 5 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन धरनाः यदि मांगों पर जल्द अमल नहीं हुआ, तो 5 अक्टूबर से निबंधक कार्यालय, मियांवाला में अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया जाएगा।
कर्मचारियों की मुख्य मांगें:
1 ‘समान कार्य के लिए समान मानदेय’ लागू किया जाए।
② नई समितियों के गठन पर पूरी तरह रोक लगाई जाए।
3 सभी सचिव और कर्मचारियों को सहकारिता के मूल ढांचे में शामिल किया जाए। कर्मचारी संगठन का साफ कहना है कि जब तक उनकी जायज मांगों पर लिखित आदेश जारी नहीं होते, उनका आंदोलन जारी रहेगा



