Saturday, December 3, 2022
Home उत्तराखंड कमीशन कु मीट भात: गढ़वाल में 25 लाख की पेयजल योजना की...

कमीशन कु मीट भात: गढ़वाल में 25 लाख की पेयजल योजना की हालत देखिए

नई टिहरी में एक ग्राम सभा है जो राज्य की स्थापना के कई दशकों के बाद भी बूंद-बूंद पानी के लिए तरस रही है। इस ग्राम सभा का नाम भेटी है। कंडिसौर के थोलधार प्रखंड के नागुन पट्टी के अंतर्गत आने वाला यह इलाका सालों से पीने के पानी के लिए तरस रहा है।

ऐसा नहीं है कि गांव की प्यास बुझाने का प्रयास नहीं किया गया, लेकिन भ्रष्टाचार के दीमक ने इन योजनाओं को साकार नहीं होने दिया. वर्ष 2001 में भेटी के लिए 25 लाख की लागत से भेटी पेयजल योजना शुरू की गई थी, लेकिन ग्रामीणों को इस पेयजल योजना से दो दिन भी पानी नहीं मिल सका. धीरे-धीरे पानी की लाइन गायब हो गई। तब से लेकर आज तक इस गांव के लिए कोई पेयजल योजना नहीं बनी है। भेटी ग्राम सभा ऋषिकेश-गंगोत्री राष्ट्रीय राजमार्ग से मात्र 1 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यहां 185 परिवार रहते हैं, जो गंभीर पेयजल संकट का सामना कर रहे हैं।

भेटी ग्राम सभा में तीन गांव हैं। ग्राम भेटी में 120, मंजियाडी में 35 और पावखाल में 30 परिवार रहते हैं। तीनों गांवों में 185 परिवारों में से करीब 8 सौ की आबादी है। इन तीनों गांवों की प्यास बुझाने के लिए पेयजल विभाग ने यहां दो हैंडपंप लगाए हैं, जो 500 लीटर साफ पानी के बाद गंदा पानी देना शुरू करते हैं. दूसरे गांव से लाइन लेकर मंजियाडी गांव में स्टैंड पोस्ट की व्यवस्था की गई है, जबकि पावाखल के लोग एक किलोमीटर दूर नागराजाधार से पानी ढोते हैं।

पूरा परिवार आधा दिन अपने और जानवरों के लिए जरूरी पानी इकट्ठा करने में लगा देता है। भेटी के लोग वर्षों से पेयजल योजना के निर्माण की मांग कर रहे हैं, लेकिन कोई नहीं सुन रहा है. आलम यह है कि लोगों को पानी के लिए कुएं खोदने पड़ रहे हैं। बुजुर्गों का कहना है कि कीचड़ से पानी ढोते समय उनकी जान चली गई, लेकिन गांव अभी तक पेयजल संकट से उबर नहीं पाया है. वहीं, जल निगम के अधिकारियों का कहना है कि क्षेत्र के लिए पेयजल योजना को मंजूरी मिल गई है. जिस पर 1 करोड़ 38 लाख खर्च किए जाएंगे। बजट मिलते ही पेयजल योजना का काम शुरू कर दिया जाएगा।

 

Hill Livehttps://hilllive.in
Hilllive.in पर उत्तराखंड के नवीनतम और ब्रेकिंग हिंदी समाचार पढ़ें।
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here