उत्तराखंड में सरकारी राशन डीलरों का कमीशन बढ़ेगा

Ankur Singh

सरकारी राशन डीलरें का कमीशन बढ़ाने पर सैद्धांतिक सहमति बन गई है। इसके तहत राज्य खाद्य योजना एवं राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के गेहूं-चावल वितरण के कमीशन को प्रति कुंतल 143 रुपये किया जाएगा। अभी राज्य खाद्य सुरक्षा योजना के तहत महज 18 रुपये प्रति कुंतल दिए जाते हैं। पर, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना में प्रति कुंतल 143 रुपये मिलते हैं।

खाद्यमंत्री बंशीधर भगत ने शुक्रवार को अफसरों के साथ राशन डीलरों की समस्याओं पर चर्चाकी। राज्य में वर्तमान में 9225 राशन की दुकानें हैं। खाद्य मंत्री ने बताया कि सीएम दाल पोषित योजना में भी कमीशन बढ़ाने परसहमति बनी है। वर्तमान में यह प्रति कुंतल 18 रुपये है।

राशन डीलरों का कहना है कि कमीशन काफी कम है। इससे ज्यादा पैसा तो दाल की ढुलाई पर ही खर्च हो जाता है। इस कमीशन को सौ रुपये करने पर सहमति बनी है। इन संशोधनों के प्रस्ताव कैबिनेट के समक्ष रखे जाएंगे। साथ ही राशन की दुकानों में अनिवार्य रूप से बायोमेट्रिक प्रक्रिया से राशन बांटने के निर्देश भी दिए गए।

राशन की दुकानों को बेहतरइंटरनेट कनेक्टिविटी देने, कोविड-19 की सुरक्षा गाइडलाइन का कड़ाई से पालन कराने के भी निर्देश दिए गए हैं।

उड़द की दाल नहीं बंटेगी

मंत्री ने सीएम दाल पोषित योजना के तहत उड़द की दाल न बांटने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि पहाड़ में उड़द की दाल पर्यप्त होती है। लोग पसंद भी नहीं करते | इसलिए अब से उड़द छोड़ कर बाकी दालों को बांटा जाएं। मालूम हो कि इस योजना के तहत प्रति राशन कार्ड दो किलो दाल दी जाती है।

हर राशन कार्ड पर गेंहू-चावल बढाने की तैयारी

उत्तराखंड के 10 लाख से ज्यादा सामान्य राशन कार्ड धारकों को इस चुनावी साल में बड़ा तोहफा मिल सकता है। राज्य खाद्य योजना के तहत बांटे जा रहे 7.5 किलो अनाज को 20 किलो प्रति कार्ड करने और सभी 23 लाख राशन कार्ड पर दो-दो किलो चीनी देने की तैयारी है। खाद्यमंत्री बंशीधर भगत ने शुक्रवार को खाद्य सचिव सुशील कुमार की कैबिनेट प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिए। सरकार से इसे लागू करने की मंजूरी मांगी जाएगी।

विधानसभा में समीक्षा के दौरान भगत ने कहा कि वर्तमान में राज्य खाद्य योजना के राशन कार्ड धारकों को पर्याप्त राशन नहीं मिल रहा है। इसकी मात्रा को बढ़ाया जाना चाहिए। राशन बढ़ाने के साथ ही मूल्य को थोड़ा बढ़ाया भी जा सकता है, लेकिन यह मूल्य बाजार भाव से काफी कम होना चाहिए। मौजूदा रबी सीजन में अबतक 2.19 लाख कुंतल गेहूं खरीदा जा चुका है। इसके एवज में किसानों को 43. 52 करोड़ भी दिए जा चुके हैं।

 

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Ankur Singh is an Indian Journalist, known as the Senior journalist of Hill Live
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